Terrorism was a Bonafide Agenda

Prime Minister Modi’s blistering attacks against Pakistan on its terrorist affiliations on the occasion of the BRICS and BIMSTEC summits have been viewed as excessive by some in India. The various points of criticism are that by focusing so much on Pakistan at these multilateral gatherings we narrowed our diplomatic canvas, allowing ourselves to be re-hyphenated with Pakistan, and in the process diminished our own rising international stature. India should not fall in the category of small countries who are obsessed with single issues in multilateral forums.

भारत वियतनाम रिश्ते में अद्यतन स्थित

एशिया प्रशांत क्षेत्र में स्थित वियतनाम भारत का एक घनिष्ट मित्र राष्ट्र है। चीन, वियतनाम और भारत का पड़ोसी देश है, इस प्रकार चीनी राष्ट्रवादी आकांक्षाओं से निपटने में जटिलताओं के कारण दोनों देशों के बीच रणनीतिक सोच में समानता है। चीन की सैन्य शक्ति में उल्लेखनीय वृद्धि के कारण संयुक्त राज्य अमेरिका (यूएस) इस क्षेत्र में अपनी सेना का पुनर्संतुलन कर रही है। यह उल्लेखनीय है कि अमेरिका के आयात का अधिकांश भाग इस क्षेत्र से आता है और निर्यात की बात करें तो अमेरिका के लिए यह दूसरा सबसे बड़ा गंतव्य है। इस क्षेत्र में अमेरिका के लिए जापान और कोरिया गणराज्य में आधार हैं और अमेरिकी युद्धक जहाजों के लिए सिं

ब्राजील, रूस, भारत, चीन और दक्षिण अफ्रीका (ब्रिक्स) समूहीकरणः कुछ विचार

15/16 अक्टूबर को गोवा में ब्रिक्स शिखर सम्मेलन की पूर्व संध्या पर संभावित बल और समूह के अंतर्निहित सीमाओं पर क्रमशः कुछ प्रकाश डाला जाएगा। ब्रिक्स, एक अवधारणा के रूप में वैश्विक मामलों में पश्चिमी देशों के आधिपत्य का स्थायी मुकाबला करने की विशाल क्षमता रखता है। अकेले चीन और भारत के बीच वास्तविक अर्थ में दोस्ताना और सहयोगपूर्ण संबंध पश्चिम और बाकी देशों के बीच के वैश्विक संतुलन में एक बड़ा अंतर पैदा कर सकता है। संयुक्त राज्य अमेरिका (अमेरिका)-यूरोपीय संघ (ईयू) समूह और उत्तर अटलांटिक संधि संगठन (नाटो) अपनी सैन्य इकाई की सहायता से सभी अंतरराष्ट्रीय मुद्दों पर वैश्विक चर्चा पर हावी रहते हैं और काफी

भारत की पाकिस्तान नीतिः सही राह पर

पिछले कुछ हफ्तों के घटनाक्रम, जिनकी परिणति 29 सितंबर 2016 की आधी रात में भारतीय सेना द्वारा नियंत्रण रेखा के पार बेहद सफल लक्षित हमलों (सर्जिकल स्ट्राइक) के रूप में हुई, एक ऐतिहासिक क्षण की रचना कर गए क्योंकि उनसे भारत की पाकिस्तान नीति में एकदम निश्चित बदलाव दिखा। बिना शर्त बातचीत करते रहने की नीति अब हमारे खिलाफ आतंक का इस्तेमाल करने की कीमत वसूले जाने की नीति बन गई है।